एक तालाब में भारण्ड नाम का एक विचित्र पक्षी रहता था। इसके मुख दो थे, किन्तु पेट एक ही था। एक दिन समुद्र के किनारे घूमते हुए उसे एक अमृतसमान मधुर फल मिला….
{अपरीक्षित कारक ~ पंचतंत्र} पं. विष्णु शर्मा
Want to read more?
Subscribe to kitabeormai.in to keep reading this exclusive post.